नई दिल्ली: भारत-चीन सीमा विवाद को लेकर दिए गए बयान पर सुप्रीम कोर्ट ने कांग्रेस सांसद और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी को कड़ी फटकार लगाई है। कोर्ट ने साफ तौर पर कहा कि उन्हें अपनी बात सोशल मीडिया पर नहीं बल्कि संसद के भीतर रखनी चाहिए।
सेना पर टिप्पणी को लेकर कोर्ट ने उठाए सवाल
सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई के दौरान न्यायमूर्ति ने राहुल गांधी से पूछा –
“आपको कैसे पता चला कि चीन ने 2,000 वर्ग किलोमीटर भारतीय ज़मीन पर कब्ज़ा किया है? क्या आपके पास इसकी कोई प्रमाणिक जानकारी है?”
साथ ही कोर्ट ने यह भी कहा, “अगर आप सच्चे भारतीय होते, तो ऐसा बयान नहीं देते। सीमा विवाद के समय क्या इस तरह की बातें देशहित में हैं?”
सोशल मीडिया पर नहीं, संसद में रखिए अपनी बात: सुप्रीम कोर्ट
सुप्रीम कोर्ट ने राहुल गांधी से यह भी कहा कि सोशल मीडिया पर बयान देने की जगह उन्हें संसद में अपनी बात रखनी चाहिए, जहां इस तरह के मुद्दों पर गंभीर बहस और चर्चा हो सकती है।
राहत भी दी, लेकिन फटकार भी
हालांकि कोर्ट ने राहुल गांधी को आंशिक राहत देते हुए उनके खिलाफ निचली अदालत में चल रही कार्यवाही पर रोक लगा दी है। साथ ही इस मामले में उत्तर प्रदेश सरकार और शिकायतकर्ता को नोटिस जारी किया गया है।
क्या है मामला?
यह पूरा विवाद भारत जोड़ो यात्रा (2023) के दौरान राहुल गांधी द्वारा दिए गए उस बयान से जुड़ा है, जिसमें उन्होंने दावा किया था कि एक पूर्व सैनिक ने उन्हें बताया कि चीन ने लगभग 2,000 वर्ग किलोमीटर भारतीय भूमि पर कब्जा कर लिया है। इसी बयान को लेकर उनके खिलाफ शिकायत दर्ज हुई थी और समन जारी किया गया था।

