आईआरसीटीसी ‘लैंड फॉर जॉब’ मामले में राजद प्रमुख लालू प्रसाद यादव, पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी और बिहार के नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव पर चार्ज तय होने के बाद सियासी सरगर्मी तेज हो गई है।
झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM), राजद और कांग्रेस ने इस मामले की टाइमिंग को लेकर सवाल उठाए हैं और भाजपा पर राजनीतिक दबाव बनाने का आरोप लगाया है।
JMM ने उठाया सवाल – “चार्जशीट की टाइमिंग संदिग्ध”
झामुमो के केंद्रीय महासचिव सुप्रियो भट्टाचार्य ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा कि अदालत का आदेश पर सवाल नहीं है, लेकिन चार्जशीट की टाइमिंग पर संदेह है। उन्होंने कहा कि यह फैसला बिहार विधानसभा चुनाव से ठीक पहले आया है, जिससे विपक्ष को निशाना बनाने की कोशिश साफ दिखाई देती है।
सुप्रियो भट्टाचार्य ने कहा –
“देश की संवैधानिक संस्थाएं अब राजनीतिक दबाव में काम कर रही हैं। जिस तरह झारखंड में हमारे नेता को बिना वजह जेल भेजा गया था, उसका जवाब जनता ने दिया। अब वही हाल बिहार में भी देखने को मिलेगा।”
उन्होंने निर्वाचन आयोग से मांग की कि चुनाव के दौरान इस केस से संबंधित बयानबाजी या रिपोर्टिंग पर रोक लगाई जाए, ताकि इसका दुरुपयोग न हो।
कांग्रेस ने कहा – ‘विपक्ष को टारगेट करना BJP की आदत’
कांग्रेस के प्रदेश महासचिव राकेश सिन्हा ने कहा कि विपक्षी नेताओं को निशाना बनाना बीजेपी की पुरानी रणनीति है। उन्होंने कहा,
“जिन लोगों को अमित शाह पहले भ्रष्टाचारी कहते थे, वे आज बीजेपी में जाकर पाक-साफ हो गए हैं। चार्जशीट दाखिल होने का मतलब दोष सिद्ध होना नहीं है। हम कानूनी लड़ाई जारी रखेंगे।”
राजद का आरोप – “CBI को चुनावी हथियार बना रही है बीजेपी”
राजद के प्रदेश प्रवक्ता कैलाश यादव ने कहा कि बिहार चुनाव में हार के डर से बीजेपी ने सीबीआई को राजनीतिक हथियार बना दिया है। उन्होंने कहा कि
“यह केस चुनावी माहौल बिगाड़ने और लालू-तेजस्वी को बदनाम करने की साजिश है, लेकिन बिहार की जनता सब जानती है।”
बीजेपी का पलटवार – “भ्रष्टाचार पर बचाव कर रहा विपक्ष”
झामुमो के आरोपों पर बीजेपी प्रदेश मीडिया प्रभारी शिवपूजन पाठक ने कड़ा पलटवार किया। उन्होंने कहा कि
“लालू यादव को जेल भेजने का काम किसने किया, झामुमो को याद रखना चाहिए। राजद, कांग्रेस और झामुमो का गठबंधन जनता की सेवा के लिए नहीं, बल्कि एक-दूसरे के भ्रष्टाचार को बचाने के लिए बना है।”
उन्होंने कहा कि विपक्ष हर बार भ्रष्टाचार के मामलों में एकजुट होकर बीजेपी पर आरोप लगाता है, जबकि जनता सच्चाई जानती है।

