रांची के जगन्नाथपुर मंदिर में गार्ड की हत्या के बाद राजनीति गरम। बाबूलाल मरांडी ने राज्य सरकार पर निशाना साधते हुए कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाए।
रांची: राजधानी रांची के जगन्नाथपुर मंदिर में तैनात गार्ड की हत्या के बाद कानून-व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल उठने लगे हैं। इस घटना ने न केवल स्थानीय लोगों को झकझोर दिया है, बल्कि राजनीतिक माहौल भी गरमा गया है।
हाई सिक्योरिटी जोन में वारदात
मंदिर परिसर के आसपास विधानसभा और हाईकोर्ट जैसे महत्वपूर्ण संस्थान स्थित हैं। ऐसे संवेदनशील इलाके में इस तरह की घटना होना सुरक्षा व्यवस्था पर बड़ा सवाल खड़ा करता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि ऐसे क्षेत्र में अपराध हो रहा है, तो बाकी इलाकों की स्थिति का अंदाजा लगाया जा सकता है।
दो दिनों में दो हत्याएं, बढ़ा डर
बताया जा रहा है कि पिछले दो दिनों में इसी इलाके के आसपास दो हत्या की घटनाएं हो चुकी हैं। लगातार हो रही वारदातों से लोगों में भय का माहौल है और सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।
पुलिस पर उठे सवाल
इन घटनाओं के बाद पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठ रहे हैं। स्थानीय लोगों और विपक्षी दलों का आरोप है कि अपराध नियंत्रण में पुलिस की भूमिका कमजोर पड़ती दिख रही है, जिससे अपराधियों के हौसले बढ़ रहे हैं।
बाबूलाल मरांडी का बयान
पूर्व मुख्यमंत्री और भाजपा नेता बाबूलाल मरांडी ने इस मुद्दे पर राज्य सरकार को घेरा है। उन्होंने कहा कि राजधानी में कानून-व्यवस्था की स्थिति बेहद खराब हो चुकी है। मरांडी ने यह भी आरोप लगाया कि पुलिस की कार्रवाई देर से होती है और इससे अपराधियों का मनोबल बढ़ता है।
कार्रवाई की मांग
मरांडी ने मांग की है कि इस मामले में जिम्मेदार अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई की जाए और वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों की जवाबदेही तय हो। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि स्थिति में सुधार नहीं हुआ तो उनकी पार्टी सड़क पर उतरकर आंदोलन करेगी।
आगे क्या?
इस घटना के बाद अब सभी की नजर प्रशासनिक कार्रवाई और पुलिस जांच पर टिकी हुई है। लोगों को उम्मीद है कि दोषियों की जल्द गिरफ्तारी होगी और शहर में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत की जाएगी।

